बीवी के होते हुए भी मैंने एक कुंवारी लड़की चोदा

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मेरा नाम अंजली है एक दिन मैं अपने फ्रेंड राजेश की बर्थडे पार्टी पर गई थी। उस पार्टी में उसके काफी फ्रेंड लोग आये हुए थे। कुछ कॉलेज के दोस्तों थे। तो कुछ उसके ऑफिस के दोस्त। राजेश की बर्थडे पार्टी पर उसकी गर्लफ्रेंड मीना भी आई हुई थी। मीना मेरी बहुत अच्छी दोस्त है तो हम सब पार्टी इंजॉय कर रहे थे। मुझे स्कूल टाइम से ही डांस करने का बहुत शौक था। मैं बहुत अच्छा डांस करती थी। सब लोग मेरी डांस की तारीफ ही किया करते थे। उस पार्टी में मीना ने मुझे डांस करने के लिए कहा। मैंने उसे मना किया कि आज मेरा मन नहीं है फिर कभी। पर उसने बहुत जिद की इसलिए मुझे उसके कहने पर पार्टी में डांस करना पड़ा। मेरे साथ मीना भी पार्टी में डांस करने लगी। अब  पार्टी का मजा दुगना हो गया। हम सब ने खूब जमकर पार्टी की। काफी रात हो गई थी, तो मैं घर के लिए निकल रही थी। धीरे-धीरे सारे दोस्त घर जाने लगे थे। मीना तो उस दिन वहीं रुक गई। राजेश के घर पर। लेकिन मुझे अगले दिन कुछ जरूरी काम था इसलिए मुझे जाना पड़ा। मीरा ने बहुत जिद की, कि काफी रात हो गई है तुम भी यहीं रुक जाओ। लेकिन मैंने उसे कहा कि मुझे कल सुबह कुछ जरूरी काम है वह भी तो निपटाना है।

जब मैं उसके घर से बाहर आई तो टैक्सी का वेट कर रही थी। लेकिन वहां ना कोई टैक्सी थी और ना ही कोई ऑटो!  मैंने काफी देर इंतजार किया लेकिन मुझे घर जाने के लिए कुछ भी नहीं मिला। तब तक राजेश का दोस्त अभिनव गाड़ी लेकर घर जा रहा था। उसने मुझे देखा तो गाड़ी रोक ली। उसने मुझे घर ड्राप करने के लिए कहा। उसने कहा इस समय तुम्हें घर जाने के लिए कुछ नहीं मिलेगा तो मैं तुम्हें घर छोड़ देता हूं। मैं भी उसके साथ घर जाने के लिए तैयार हो गई। रात भी काफी हो गयी थी। वह मेरी बहुत तारीफ कर रहा था। मुझे कह रहा था तुम बहुत अच्छा डांस करती हो और तुम बहुत खूबसूरत हो। मुझे लग गया था कि यह मेरे साथ फ्लर्ट कर रहा है। मैं भी उसकी हां में हां मिला रही थी। उसने मुझे अपना नंबर दिया और कहा कि जरूरत पड़े तो मुझे फोन करना। लेकिन मुझे क्यों उसकी जरूरत पड़ने लगी मैंने कहा ठीक है। थोड़ी देर बाद मेरा घर आ गया। मैंने उसे कहा यहीं पास में मेरा घर है मुझे यहीं ड्राप कर दो। तो उसने मुझे वही ड्रॉप कर दिया और वह अपने घर चले गया। मैं भी अपने घर गई और फ्रेश होकर सो गई। क्योंकि सुबह मुझे जल्दी उठना था।

अगले दिन जब सुबह हुई तो मैं फटाफट तैयार हुई और अपने काम के लिए निकल गई। मैंने सोचा नाश्ता भी बाहर जाकर ही करूंगी अभी लेट हो रहा है। तो मैं अपना काम निपटा कर घर जा रही थी तो मैंने सोचा क्यों न कुछ खा लिया जाए। मैं एक रेस्टोरेंट में चली गई और मैंने पिज़्ज़ा आर्डर किया। मैं आराम से पिज़ा एन्जॉय कर रही थी। तब तक मुझे अभिनव मिल गया। अभिनव मेरे साथ आकर बैठ गया। और हम दोनों बातें करने लगे। उसने कहा कि तुमने मुझे कॉल नहीं किया? मैंने कहा मुझे काम था इसलिए समय नहीं मिल पाया। उसके बाद हम दोनों घर के लिए निकल गए। उसने फिर से उस दिन मुझे घर तक छोड़ा और चला गया। उस दिन मैं अपने काम में ही व्यस्त हो रखी थी। दूसरे दिन जब सुबह हुई तो मैं सोचने लगी कि अभिनव को फोन करूं या ना करूं! फिर मैंने सोचा कर ही लेती हूं। फिर मैंने अभिनव को फोन किया और उससे बातें करने लगी। अभिनव मुझे मिलने बुला रहा था। उसने कहा कि अगर तुम आज फ्री हो तो कहीं घूमने चलते हैं। मैंने कहा ठीक है। और वह मुझे लेने के लिए मेरे घर पर आया। उसके बाद हम दोनों कहीं घूमने चले गए। हम दोनों ने काफी सारी बातें की और एक दूसरे के बारे में बातें शेयर की। काफी समय बाद हम घर लौटे। घर लौटते-लौटते देर हो गई थी। तो वह मुझे घर तक छोड़ने आया। मैंने उसे अंदर चलने के लिए कहा।

वह मेरे घर में अंदर आ गया और मैंने उसे पहले तो चाय पिलाई उसके बाद हम दोनों काफी देर तक ऐसे ही बैठे रहे और काफी बातें करते रहे। अब उसने मुझे किस करना शुरु कर दिया। मुझसे भी रहा नहीं गया और मैंने उसे किस करना शुरु कर दिया। हम दोनों ऐसे ही एक दूसरों को किस करे जा रहे थे और ख्यालों में खो गए थे मुझे बहुत अच्छा लग रहा था। जब वह मेरे होठों को अपने होठों में लेता और अपने दांतो से काट देता उसने बहुत देर तक मेरे स्मूच किया अब हम दोनों आराम से सोफे में बैठे हुए थे। पहले तो उसे थोड़ा शर्म लग रही थी कि उसने यह क्या कर दिया, लेकिन मैंने उसे समझाया कि ऐसा कुछ नहीं है। यह सब तो आम बात है अब मैंने उसके सामने अपने पूरे कपड़े उतार दिया और एकदम नंगी हो गई। मै ऐसे ही डांस करने लगी जैसे ही मैंने डांस किया तो मेरा पूरा बदन हिल रहा था और वह मेरे बदन को देख कर बहुत खुश हो रहा था।

उसने मेरे बदन को चाटना शुरू किया और चाटते-चाटते वह भी पूरा नंगा हो गया। हम दोनों ऐसे ही नग्नावस्था में डांस करते जा रहे थे और काफी मज़ा आने लगा था। अभिनव ने मेरे ऊपर पानी गिरा दिया।  और मेरा शरीर पूरा ठंडा हो गया था। और अब उसने मेरे स्तनों को चाटना शुरु किया। वह मेरे स्तनों को काफी देर तक तो चाटता रहा। वह मेरे स्तनों का ऐसे ही रसपान करता रहा और मुझे अच्छा लगने लगा। मेरे शरीर में जितना भी पानी गिरा था वह सब अभिनव ने पी लिया। अभिनव ने मेरी चूत को चाटना शुरू किया। जैसे ही वह मेरी चूत को चाटता जाता तो मेरा बदन पूरा ही उत्तेजित हो जाता। अभिनव ने मेरी गांड को चाटना शुरू कर दिया और उसने मुझे ऐसे ही वहां बिस्तर पर पटक दिया। मुझे बहुत अच्छा लग रहा था जब वह मेरे गांड को चाट रहा था। मुझसे भी नहीं रहा जा रहा था और मैंने भी उसके लिंग को अपने मुंह में लेते हुए सकिंग करना शुरू किया।  उसके पूरे लंड को लाल कर दिया मैंने इतने जोर-जोर से सकिंग किया कि उसका लंड छिल भी गया था। अब हम दोनों से कंट्रोल नहीं हो पाया और उसने एक ही झटके में मेरे अंदर अपना लंड डाल दिया। जैसे ही उसने अपना लंड अंदर डाला तो मेरे मुंह से बड़ी तेज आवाज आई और उसने एक ही झटके में फिर उसे बाहर निकालते हुए अंदर बाहर करना शुरू कर दिया। ऐसा ही बहुत देर तक मेरे साथ करता रहा और उसने कम से कम मुझे ढाई सौ शॉट मारे जिसके बाद उसका और मेरा वीर्य गिर गया लेकिन अभी अभिनव का मन नहीं भरा था।

उसने मुझे 69 पोज मे बना दिया और अब मेरी चूत को अच्छे से चाट रहा था और मैं उसके लंड को अपने मुंह के अंदर तक लेती जा रही थी। थोड़ी देर तक हमने ऐसे ही किया उसके बाद दोबारा से उसने मुझे घोड़ी बना दिया। घोड़ी बनाने के बाद उसने मुझे इतने गंदे तरीके से चोदना शुरु किया कि मेरे गले से ही आवाज़ आ रही थी। बाकी तो वह अपने लंड को अंदर बाहर करे जा रहा था। जैसे ही वह यह सब करता दो मेरे शरीर में एक करंट से दौड़ पड़ता। मेरा शरीर सिर्फ यही कह रहा था कि वह कितने देर तक धक्का मारता जाएगा लेकिन मुझसे बर्दाश्त नहीं हो रहा था। क्योंकि मेरा झड चुका था और थोड़े समय बाद उसका भी झड गया। उसने एक ही झटके में मेरे अंदर अपने वीर्य को  उतार दिया। उसने अपने लंड को मेरी चूत से बाहर निकाला तो उसका पूरा माल मेरी चूत से टपक रहा था।

अब हम दोनो बहुत थक चुके थे। ऐसे ही एक दूसरे की बाहों में लेट गए और मुझे बहुत अच्छा लगा। जब वह मुझे किस कर रहा था। मैंने उसके लंड को अपने हाथों में पकड़ कर दोबारा हिलाना शुरू कर दिया और वह खड़ा हो गया। उसके बाद फिर मैंने उसके लंड को अपने मुंह में लेकर चूसना शुरू किया।  मैं उसके लंड को बहुत ही अच्छे से सकिंग कर रही थी और बड़ी तेजी से अपने मुंह के अंदर बाहर करती जाती। उसके बाद उसका दोबारा से माल गिर गया और मैंने उस पूरे माल को अपने मुंह के अंदर ही ले लिया। उसके बाद अभिनव बहुत थक चुका था और वह ऐसे ही सो गया। मैं भी उसके लंड को अपने हाथों से पकड़ते हुए उसकी छाती पर अपना सर रख कर सो गई।